संदिग्ध निकासी से बैंक उपभोगता हुआ परेशान

हैदरगढ़ बाराबंकी । साइबर जालसाजों ने प्रापटी डीलर बैंक खाते से दो लाख 40 हजार रुपया निकाल लिए। खाता धारक को रुपया निकालने का मैसेज प्राप्त होते ही एटीएम को बंद कराकर शेष जमा रकम निकलने से बचा लिया। थाना लोनी कटरा के सोनिकपुर गांव निवासी प्राप्टी डीलर राकेश कुमार मिश्रा का खाता हैदरगढ़ स्थित सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में है। बीती 27 अक्टूबर को 40 हजार की दो किस्तों में अचानक रूपया निकलने का मैनेजर मिश्र को मोबाइल पर प्राप्त हुआ। एटीएम द्वारा रूपया निकलने का मैसेज प्राप्त होने पर श्री मिश्रा आश्चर्यचकित में पड़ गए।

बताते हैं कि उस समय एटीएम हमारी जेब में था। 80 हजार रुपया निकलने को लेकर मिश्रा आत्मचिंतन कर ही रहे थे तभी अचानक थोड़ी थोडी देर में एक बार फिर चार किस्तों में 40 हजार रूपया के हिसाब से ट्रांजैक्शन द्वारा दूसरे खातो मे भेजे जाने के मैसेज प्राप्त होने लगे। देखते ही देखते खाता से दो लाख चालीस हजार रुपया निकल गया। इसके बाद मिश्रा ने बैंक टोल फ्री का नंबर लगाकर अपने एटीएम को लॉक कराया। जिसके बाद बैंक खाता से धन निकलने का क्रम खत्म हुआ नहीं तो कई लाख रूपयो का वारा न्यारा हो जाता, सोमवार को मिश्रा सबसे पहले बैंक पहुंचकर शाखा प्रबंधक से वार्ता की कई सवाल पूछे सवाल किया की एक दिन में एटीएम से कितना रुपया निकलने का प्रावधान है।

इतना रूपया नही निकल सकता तो कैसे निकल गया। शाखा प्रबंधक ने बताया कि जालसाजों ने लखनऊ व बलरामपुर एटीएम से 80 रूपया निकाला साथ ही 1 लाख 60 हजार दूसरे के खातों में ट्रांजैक्शन द्वारा भेज दिया। जिसके बाद इन खातों मे जमा किया गया रूपया एटीएम द्वारा आनन फानन में निकाल लिया गया। प्रबंधक से मिलने के बाद कोतवाली पहुंचकर अज्ञात जालसाजों के साथ बैंक को भी आरोपित किया है पुलिस शाखा प्रबंधक के सहयोग से हुई जालसाजी की छानबीन शुरु कर दी है।

मेला से लौट रही किषोरी के साथ दुराचार का आरोप

पिता ने चौकी इंचार्ज पर लगाया सुलह न करने पर धमकी देने का आरोप

फतेहपुर बाराबंकी । मेला देखकर लौट रही किशोरी के साथ 2 युवकों द्वारा जबरन दुराचार किये जाने का आरोप लगाते हुए पिता ने पुलिस चौकी इंचार्ज पर जबरन सुलह किये जाने का दबाव डाले जाने की शिकायत प्रदेश मुखिया से की है। प्रभारी निरीक्षक ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में नहीं है यदि पीड़ित पक्ष उनके पास आयेगा तो वह कार्यवाही करेगें।

मोहम्मदपुरखाला थाना क्षेत्र के ग्राम डीहा निवासी एक व्यक्ति ने मुख्यमंत्री को शिकायती पत्र भेजकर आरोप लगाया है कि उसकी लगभग 16 वर्षीय पुत्री 21 अक्टूबर 2017 को हेतमापुर मेला देखने गयी थी और अकेले घर लौट रही थी तभी हेतमापुर जंगल के पास गांव के ही निवासी धर्मवीर पुत्र दर्शन, हरीओम पुत्र दर्शन उसकी पुत्री को जबरन जंगल में खींच ले गये और बारी-बारी से उसके साथ दुराचार किया और 2 दिन तक जबरन बन्धक बनाये रखा। 23 अक्टूबर को उसकी पुत्री किसी तरह से उनके चंगुल से भाग निकली और घर आकर सारी घटना बतायी। घटना की शिकायत किशोरी के पिता ने लालपुर पुलिस चौकी पर दी परन्तु चौकी इंचार्ज शीतला प्रसाद मिश्र द्वारा कोई कार्यवाही न किये जाने पर वह थाने गये तो विपक्षियों से मिले हुए चौकी इंचार्ज ने दो सादे कागज पर जबरदस्ती हस्ताक्षर करा लिये और सुलह का दबाव बनाने लगे और सुलह न करने पर किसी हरिजन महिला को खड़ा करके बहनोई के विरूद्ध फर्जी बलात्कार का मुकदमा लगाकर जेल भेज देने की धमकी देने लगे। पीड़ित का यह भी कहना है कि चौकी इंचार्ज शीतला प्रसाद मिश्र उसके घर भी आये थे और मां-बहन की गाली देते हुए सुलह न करने पर परिणाम भुगतने की बात कह रहे थे।
पीड़ित ने मुख्यमंत्री सहित पुलिस अधिकारियों को जनसुनवाई पोर्टल की शिकायत सं0 40017617010812 के माध्यम से चौकी इंचार्ज के विरूद्ध उचित दण्डात्मक कार्यवाही किये जाने के साथ विपक्षीगणों के विरूद्ध अभियोग पंजीकृत किये जाने की गुहार लगायी है। प्रभारी निरीक्षक जनमेजय सचान ने बताया कि पीड़ित पक्ष उनसे नहीं मिला है यदि शिकायत मिलती है तो कार्यवाही की जायेगी।

दबिश देने गयी पुलिस पर महिला की हत्या का आरोप

कच्ची शराब के ठिकानों पर पुलिस की दबिश

दलित महिला की मौत पर गांव वालों का हंगामा

बाराबंकी । असन्दरा थाना क्षेत्र के मानपुर मकोहिया गांव में कच्ची शराब के लिए दबिश देने गई पुलिस ने दलित गर्भवती महिला की लात मार दी जिससे महिला की मौत हो गयी, परिजनों का ऐसा ही कुछ आरोप है, मृतकों के परिजनों की मानें तो दबिश देने आई पुलिस से घबराकर घर के लोग भाग गए, लेकिन दलित गर्भवती महिला रुचि रावत पेट में गर्भ होने की वजह से भाग न सकी।

पुलिसकर्मियों को दलित गर्भवती महिला पर शक हुआ कि कहीं उसने अपने पेट के आगे कच्ची शराब तो नहीं छुपा रखी है। बस फिर क्या था पुलिसकर्मियों ने दौड़ाया तो महिला भी भागी, परिजनों का पुलिस पर आरोप है कि पुलिस छापे के दौरान कुछ खाकीधारियों ने मृतिका को दौड़ाते हुए लात मारी। जिससें गर्भवती रुचि जमीन पर गिर पड़ी और उसकी तड़पकर मौत हो गई। उन्हीं के परिजन शिवराम का कहना है कि असंद्रा थाना पुलिस गांव में शराब की दबिश देने आई थी। जिससे वह घर के बाहर निकली। पुलिस उनको भी दौड़ाया और वह दौड़ते दौड़ते गिर गई जिससे पीछे से आ रहे पुलिसकर्मियों ने उनको लात घूसों से मारना शुरू कर दिया जिससे रुचि देवी की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस का रवैया वहां के ग्रामीणों में असंद्रा थाना पुलिस के प्रति काफी आक्रोश देखने को मिला है। पुलिस मामले को दबाने में जुटी रही पर एएसपी शशिकांत तिवारी ने जनता के आक्रोश पर 304 आईपीसी में पुलिसकर्मियों पर मुकदमा दर्ज करवाया है।

इस बारे में पुलिस अधीक्षक बाराबंकी अनिल सिंह ने बताया कि पुलिस ने कोई धक्का या लात नही मार, उन्हें ऐसा प्रतीत होता है कि गांव वाले यह बहाना इस लिए कर रहे हैं कि भविष्य में पुलिस उनके शराब के व्यवसाय के लिए गांव में दबिश ना दे। लेकिन यह जांच का विषय है और जांच होगी, अगर कोई दोषी है तो कार्यवाही होगी।

अरे क्या अधिसूचना जारी हो गयी

नगर पंचायत कर्मियों ने सार्वजनिक स्थानों पर लगी प्रत्याषियों की होर्डिग्स, बैनर, पोस्टर हटाने शुरू किये

फतेहपुर बाराबंकी। जैसे ही नगर पंचायत कर्मियों ने पुलिस प्रशासन की उपस्थिति में तहसील चौराहे पर लगी होर्डिग्स को जेसीबी की मदद से हटाना शुरू किया वैसे ही मौके पर मौजूद नागरिकों के मुंह से अनायास निकला अरे क्या अधिसूचना जारी हो गयी।

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगर निकाय चुनाव की अधिसूचना जारी होने की खबर जैसे ही शुक्रवार की शाम लगभग 5 बजे घोषित हुई उपजिलाधिकारी अजय कुमार सिंह के नेतृत्व में तत्काल नगरपंचायत कर्मियों की टीम पुलिस बल, जेसीबी आदि के साथ कचेहरी चौराहे पहुंची और वहां पर प्रत्याशियों की लगी छोटी-बड़ी होर्डिग्स को हटाने का काम प्रारम्भ कर दिया। कचेहरी चौराहे के बाद अस्पताल, सूरतगंज चौराहा, ब्लाक चौराहा, जोशीटोला, बेलहरा चौराहा, सट्टी बाजार, पटेलनगर चौराहा, मुंशीगंज बाजार, मस्तान रोड, बस अडडे, रेलवे स्टेशन सहित अन्य सार्वजनिक स्थानों पर विद्युत एवं टेलीफोन के खम्भों सहित बांस बल्ली के सहारे लगायी गयी होर्डिग्स, बैनर, पोस्टर हटाने का कार्य देर शाम तक चलता रहा। उल्लेखनीय है कि नगर पंचायत फतेहपुर में अध्यक्ष सहित नगर पंचायत सदस्य पद हेतु मतदान 29 नवम्बर को होगा। उपजिलाधिकारी ने बताया कि आयोग के निर्देशानुसार आचार संहिता का कड़ाई से पालन कराते हुए भयमुक्त मतदान कराया जायेगा उन्होंने चुनाव में भाग लेने वाले प्रत्याशियों से आयोग की गाइड लाइन के अनुसार सहयोग किये जाने की अपेक्षा की है। इस दौरान अधिशाषी अधिकारी/प्रशासक मो0 जियाउल हक, नगर चौकी इंचार्ज कमलेश सिंह, आफताब सहित राजस्व एवं नगरपंचायत कर्मी उपस्थित रहे। उधर नगरपंचायत बेलहरा में भी बाबा साहब चौराहा, लच्छीपुर, छेदा रोड, भटुआमऊ, मैदानू बाबा सहित कस्बे में प्रत्याशियों की लगी होर्डिग्स को हटाने का काम देर शाम चलता रहा।

आरोप पत्र दाखिल, मुल्ज़िम हाज़िर नहीं

बाराबंकी। थाना असन्दरा के ग्राम पहलवान पुरवा निवासी एक अधेड़ महिला ने अपने साथ दूसरे गाँव के दो सगे भाइयों द्वारा बलात्कार किये जाने की प्राथमिकी शुक्रवार को दर्ज कराई है। जिन दो लोगों के नाम इस महिला ने प्राथमिकी अंकित कराई है उनमे से एक रमाकांत की पुत्री द्वारा पाँच माह पूर्व, इसी महिला के पुत्र संग्राम के विरुद्ध शादी का झांसा देकर बलात्कार करने की प्राथमिकी असन्दरा थाने में अंकित कराई गई थी। जिसमें आरोप पत्र अदालत में दाखिल हो चुका है और मुलजिम हाजिर नहीं हैं। अदालत ने इस महिला के आरोपी पुत्र संग्राम को सम्मन जारी किया हुआ है। इसी मामले में विगत कई दिनों से रमाकांत पर सुलह करने का दबाव बनाने की कोशिश की जा रही थी।

अब कोई किसान आत्महत्या नहीं करेगा : हरगोविंद सिंह

पांच सौ कृषकों को ऋण मोचन प्रमाण पत्र किया गया वितरण

बाराबंकी । फसल ऋण मोचन योजनान्तर्गत तृतीय चरण के पात्र अर्ह कृषकों को ऋण मोचन प्रमाण पत्र वितरण हेतु तहसील स्तरीय कैम्प का आयोजन तहसील दिवस सभागार में आयोजित किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में ज़ैदपुर से विधायक उपेंद्र सिंह रावत जबकि तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व एमएलसी हरिगोविन्द सिंह, उपजिलाधिकारी एस.पी.सिंह, तहसीलदार नवाबगंज अखिलेश कुमार सिंह, जिला कृषि अधिकारी आदि अधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया गया।

उक्त कैम्प में तहसील नवाबगंज के पांच सौ कृषकों को ऋण मोचन प्रमाण पत्र का वितरण किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि उपेंद्र सिंह रावत ने कहा उन्होंने कि ये कर्ज़ मुक्ति ऐतिहासिक है पीएम और सीएम बधाई के पात्र हैं। उन्हीं की मंशा थी की लघु सीमांत किसानों को ऋण मोचन योजना का लाभ मिले। उन्होंने कहा कि योगी जी और मोदी जी देश के किसान के आभारी हैं किसानों के लिए सरकार ने खजाना खोल दिया है। देश और प्रदेश की सरकार किसानों की आय को दुगना करना चाहती है।

कार्यक्रम के विशिष्ठ अतिथि पूर्व एमएलसी हरगोविंद सिंह ने कहा कि योगी सरकार ने लघु एवं सीमांत किसानों का ऋण मोचन माफ करने का बड़ा काम किया है। इससे किसान को आर्थिक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा और वह अपने कृषि कार्य को बिना तनाव के आगे बढ़ाएगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का सपना है कि 2022 तक किसानों की आय दोगुनी हो जाए। प्रदेश सरकार इसके लिए कई कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि किसानों का कर्ज माफ करने का निर्णय लेकर सरकार ने अपना वादा पूरा किया है। अब कोई भी किसान आत्महत्या के लिए मजबूर नहीं होगा, ऋण मोचन योजना से किसानों को बड़ा लाभ मिला है।

एसडीएम सदर सुशील प्रताप सिंह ने अपने उद्बोधन में बताया कि तीसरे चरण में आज 500 किसानों को प्रमाण पत्र जारी किए गए हैं। शेष किसानों को आगे की प्रस्तावित तरीकों पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में प्रमाण पत्र वितरीत किए जाएंगे।

आरटीओ के शाही बाबू और ख्वाजा ट्रांसपोर्ट कम्पनी की संपत्ति की जांच की मांग

क्षुब्ध विक्रम चालकों ने आरटीओ कार्यालय के राजेश शाही के ख़िलाफ़ खोला मोर्चा

ख़्वाजा ट्रांसपोर्ट से मिली भगत का लगाया आरोप

पल्हरी चौराहे से आरटीओ दफ़्तर तक हुआ प्रदर्शन

30 अक्टूबर को ज़िलाधिकारी कार्यलय पर प्रदर्शन के लिए दिया ज्ञापन

बाराबंकी । आरटीओ कार्यालय में कार्यरत भ्रष्ट अधिकारियों व कर्मचारियों के काले कारनामों के विरुद्ध पल्हरी चौराहा, बाराबंकी से जैदपुर तक विक्रम चालको ने धरना प्रदर्शन किया, आरोप लगाते हुए चालकों ने बताया कि आरटीओ कार्यालय में कार्यरत राजेश सिंह शाही बाबू की मिली भगत से हम लोगो को उक्त मार्ग पर विक्रम चलाने नही दिया जा रहा है जिससे हम लोगो का परिवार भूखमरी की कगार पर पहुँच गया है।

प्रदर्शन को सम्बोधित करते हुये अकबर शाह ने कहा कि उक्त विभाग में कार्यरत भ्रष्ट अधिकारियों की मिली भगत से ख्वाजा ट्रांसपोर्ट की कई दर्जन बड़ी गाड़िया जो जमुरिया नाला से गोण्डा, बहराइच, फैजाबाद, लखनऊ, हैदरगढ़, जैदपुर, सिद्धौर, देवीगंज आदि मार्गो पर बिना परमिट के अवैध ढंग से संचालित की जा रही है। अपना निजी स्वार्थ के लिये उक्त विक्रम चालको को आये दिन आरटीओ अधिकारी संबंधित थानो की पुलिस से परेशान कराते है। शाह ने अन्त में कहा कि उक्त ट्रांसपोर्ट मालिक व कार्यालय में कार्यरत शाही बाबू की आय से अधिक सम्पत्ति की जांच करायी जाये तथा उक्त मार्ग पर विक्रम चालको को नही चलने दिया तो हम लोग 30 अक्टूबर को विक्रम चालकों के उत्पीड़न व ककरहिया बनवा में लगी प्रदूषित कचरा से बिजली उत्पादन फैक्ट्री को बन्द करवाने हेतु को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर जोरदार धरना प्रदर्शन करेगें।

इस धरना प्रदर्शन में सैदू, वकार, जावेद, जकी, रंजीत, प्रदीप, अनिल, संजय, इब्राहिम, मुश्ताक, लक्ष्मी नारायन, मोहन, जावेद, कमलेश, नरेश, मो. वैस, गुल्ले, गुड्डू, राहुल, मुकेश आदि सैकड़ो लोग उपस्थिति रहें।

अभिनेता संजय दत्त बाराबंकी अदालत में पेश हों

बाराबंकी । साल 2009 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी की एक रैली में बीएसपी सुप्रीमो मायावती के​ लिए विवादित टिप्पणी करने वाले अभिनेता संजय दत्त की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। जिला अदालत ने उनके खिलाफ मामले में समन जारी किया है। इसकी तामील 16 नवंबर तक होनी है। साल 2009 में बाराबंकी में आयोजित एक जनसभा में फिल्म अभिनेता संजय दत्त ने बीएसपी सुप्रीमो मायावती के लिए जादू की झप्पी देने वाली विवादित टिप्पणी की थी। मामले में तत्कालीन मसौली थानाध्यक्ष द्वारा टिकैतनगर थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई थी। अब बाराबंकी एसीजेएम कोर्ट नंबर 25 ने समन 2 प्रतियों में जारी किया गया है। कोर्ट ने 16 नवंबर 2017 से पहले तामील और कोर्ट में पेश करने के मुम्बई कमिश्नर को कहा है।

दरअसल यह पूरा मामला 2009 के लोकसभा चुनाव के दौरान का है। जब 19 अप्रैल को दरियाबाद विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत टिकैतनगर कस्बे में समाजवादी पार्टी प्रत्याशी के पक्ष में एक जनसभा का आयोजन किया गया था। इसमें समाजवादी पार्टी के तत्कालीन राष्ट्रीय महासचिव अमर सिंह व गोरखपुर से लोकसभा प्रत्याशी मनोज तिवारी के अलावा पार्टी के स्टार प्रचारक व फ़िल्म अभिनेता संजय दत्त भी आये हुए थे। इस जनसभा के दौरान संजय दत्त ने मंच से बसपा सुप्रीमो के लिए टिप्पणी की थी। इस भाषण की निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार वीडियो रिकार्डिंग करवाई जा रही थी। जिसके साक्ष्य के आधार पर 19 अप्रैल 2009 को थाना टिकैतनगर पर तत्कालीन थानाध्यक्ष विनय मिश्रा ने संजय दत्त के खिलाफ बसपा सुप्रीमो मायावती के लिए अभद्र व अशोभनीय टिप्पणी करने का मामला दर्ज कराया था। बाद में मामले में हाईकोर्ट ने स्टे आर्डर पास कर दिया था लेकिन बाद में हाईकोर्ट ने अपने स्टे आर्डर को वेकेट कर दिया था।

वर्तमान में इसी प्रकरण में बाराबंकी के एसीजेएम कोर्ट ने अभिनेता संजय दत्त के खिलाफ समन जारी करते हुए मुम्बई पुलिस कमिश्नर को 16 नवंबर 2017 से पहले इस को तामील करते हुए तामील रिपोर्ट देने के आदेश देते हुए पत्र प्रेषित किया है।

समाजसेवी प्रदीप सारंग को जन्म दिन मुबारक

बाराबंकी (हरी प्रसाद वर्मा) कला, साहित्य, समाजसेवा, पर्यावरण, परिन्दा संरक्षण जैसे सामाजिक सरोकार के विभन्न कार्यक्रमों के गलियारों में लगभग एक दशक से अहम किरदार निभाने वाले अनुज *प्रदीप सारंग* को उनके 48वें जन्म दिन पर कोटि कोटि बधाई।

भाई प्रदीप सारंग आज अपनी लगन, निष्ठा और किसी कार्य को बाखूबी अंजाम देने के लिए जाने-पहचाने जाते हैं । आँखें-इण्डिया मुहिम ने उनके किरदार में चार चाँद लगा दिए हैं। परिन्दा संरक्षण अभियान , पर्यावरण संरक्षण मुहिम , पुराने गर्म कपड़ों का संग्रह एवं जरूरत मन्दों में वस्त्र वितरण जैसे कार्यक्रमों को लेकर समाजसेवा के क्षेत्र में आज एक अलग मुकाम हासिल किया है । शिक्षा-स्नातक की उपाधि से विभूषित श्री सारंग की हिन्दी भाषा विज्ञान में विशेष अभिरुचि है, जिसके चलते साहित्य एवं लेखन के क्षेत्र में भी उनकी अपनी अलग पहचान है।

आजकल श्री सारंग अपने जनपद सहित कई अन्य जनपदों में जाकर महाविद्यालयों और इन्टर कालेजो में मोटिवेशनल कक्षाओं के माध्यम से छात्रों के बीच समय-प्रबंधन, पढ़ाई की वैज्ञानिक पद्धति, अधिक अंक पाने के तरीके, मनुष्य की आदतें उसके लक्ष्य में बाधक, आदि विषयों पर वार्ता कर युवाओं और छात्रों को प्रेरित करने का काम कर रहे है।वही जीरो लागत खेती को प्रोत्साहित करने को लेकर किसानों के बीच काफी सक्रिय है, मै आप मित्रों कीओर से ऊर्जावान,उत्साही , समाजसेवी साथी भाई प्रदीप सारंग जी को उनके 48वें जन्मदिन पर मुबारक देते हुए आशा करता हूँ कि श्री सारंग जी आप लोगों के आशीर्वाद से सामाजिक सरोकार के कार्यो को बखूबी अंजाम देने में सार्थक सिद्ध होंगे ऐसा मेरा विश्वास है।

शाहजहांपुर गैंगरेप-मर्डर: पुलिस के खुलासे पर सवाल, क्या सिर्फ एक शख्स कर सकता है इतनी दरिंदगी?

शाहजहाँपुर। यूपी के शाहजहाँपुर में बीते मंगलवार को नाबालिग की गैंगरेप के बाद हत्या मामले का खुलासा किया है लेकिन पुलिस के इस खुलासे पर बड़े सवालिया निशान खड़े हो गए हैं। इस मामले में पुलिस ने गांव के रहने वाले एक शराब बेचने वाले शख्स को गिरफ्तार कर खुलासा करके अपनी पीठ थपथपा ली है लेकिन जिस शख्स को गिरफ्तार किया है उसका कहना है कि जब लाश मिलने की खबर मृतक बच्ची के पिता को मिली उस वक्त वह उन्हीं के साथ में था। हमें बेगुनाह फंसाया गया है। पुलिस का खुलासा और डॉक्टरों की मेडिकल रिपोर्ट बिल्कुल अलग है क्योंकि उन्होंने बताया था कि बच्ची के साथ दरिंदगी की सारी हदें पार कर दी हैं। उसके प्राइवेट पार्ट पर कई जख्म के निशान हैं। इस घटना को एक से ज्यादा लोगों ने अंजाम दिया है। ऐसे में इस खुलासे पर पुलिस पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है।

सवालों के घेरे में पुलिस का खुलासा दरअसल बीते मंगलवार को थाना रौजा क्षेत्र के एक ग्रामीण की 12 साल की बच्ची की खेत गैंगरेप के बाद उसकी बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। बच्ची के शरीर पर चोट के निशान के साथ साथ चेहरे पर दांत से काटने के भी निशान थे। बच्ची के गले मे रस्सी मिली थी जिससे लग रहा था कि बच्ची के साथ दरिंदगी की सारी हदें पार की गई है। वहीं परिजनों ने भी आरोप लगाया था कि उसकी बेटी के साथ कई लोगों ने दुष्कर्म किया है। इस घटना के बाद से जनपद मे जनता मे काफी रोष था। साथ ही इस गंभीर घटना पर कैबिनेट मंत्री सुरेश कुमार खन्ना भी नजर बनाए हुए थे। उन्होंने पुलिस के आलाधिकारियों से बात करके जल्द से जल्द खुलासा करने के निर्देश दिए थे। हलांकि पुलिस पर दबाव लगातार खुलासे के लिए बन रहा था। यही वजह है कि पुलिस ने खुलासा तो कर दिया लेकिन ये खुलासा सवालो के घेरे मे आ गया है।

खुलासे के लिए बनाई गई थी कई पुलिस टीमें दरअसल पुलिस ने इस मामले में और क्राइम ब्रांच समेत कई टीमों को लगा रखा था। पुलिस खुलासा करते हुए गांव के ही रहने वाले सुरेंद्र को गिरफ्तार किया है। एसपी सिटी दिनेश त्रिपाठी का कहना है कि सुरेन्द्र नाम का शख्स अपराधिक छवि का है। पुलिस जांच मे पता चला कि इस घटना को अपराधी सुरेंद्र ने ही किया है। सुरेन्द्र गांव मे शराब बनाने का काम करता है। रौजा थाने मे उसके उपर 5 मुकदमे दर्ज है। सुरेन्द्र ने ही अकेले उसके साथ रेप किया और उसकी बेरहमी से हत्या की है।

पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉक्टरों का कहना था वहीं जब तीन डॉक्टर के पैनल ने इस शव का पोस्टमॉर्टम किया था तब डॉक्टर ने दरिंदगी के बारे मे बताया था कि कितनी हदें इस बच्ची के साथ पार की गई थी। डॉक्टर ने बताया था कि बच्ची के पूरे शरीर पर चोट के निशान मिले हैं। बच्ची के प्राईवेट पार्ट मे कई जख्म मिले थे। जख्म देखने से लग रहा था कि उसके साथ एक से ज्यादा लोगों ने उसके साथ गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया। बच्ची के चेहरे पर दांत से काटने के निशान मिले और साथ ही बच्ची के होठ कटे हुए थे। बच्ची की गला घोट कर हत्या की गई थी।
आरोपी का कहना है, पुलिस ने फंसाया पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और पुलिस का खुलासा मेल नही खाता है क्योंकि पुलिस दावा कर रही है कि सुरेन्द्र ने अकेले इस घटना को अंजाम दिया है तो वहीं पोस्टमॉर्टम करने वाले डाक्टर बताते है कि बच्ची के साथ एक से ज्यादा लोगों ने दरिंदगी की है। ऐसे मे पुलिस ने खुलासा तो कर दिया है। लेकिन पकड़े गए आरोपी सुरेंद्र से बात की तो उसने खुद को बेकसूर बताया। उसका कहना है कि जिस दिन बच्ची की लाश मिलने की खबर आई थी उस वक्त वह बच्ची के पिता के साथ ही थे। उससे पहले वह खेत से अपने घर लौटा था। उसके बाद वह बच्ची के पिता के पास बैठकर पेपर पढ़ रहा था। उसका कहना है कि वह शराब जरूर बनाता है लेकिन ऐसी घिनौनी हरकत वह नहीं कर सकता है। उसका कहना है कि पुलिस ने उसको फंसाया है।

परिजनों ने भी कहा, एक से ज्यादा दरिंदे पकड़े गए आरोपी सुरेन्द्र के परिजनों का कहना है कि बच्ची की लाश देखने से लग रहा था कि उसके साथ काफी ज्यादा दरिंदगी की है। उसके प्राइवेट पार्ट मे गंभीर चोटें थीं। शरीर पर चोट थी चेहरे पर दांत से काटने के निशान थे। इस तरह की हत्या अकेला कोई शख्स नहीं कर सकता है। उनका कहना है कि ये वो नहीं कहते हैं कि सुरेंद्र इस घटना मे शामिल थे या नहीं लेकिन ऐसी दरिंदगी को कोई अकेला शख्स अंजाम नहीं दे सकता है। उनकी मांग है कि पुलिस किसी बेगुनाह को ना फंसाए, इस मामले में निर्दोष जेल न जाए।